तेनुघाट, संवाददाता।
झारखंड पेंशनर्स कल्याण समाज, तेनुघाट के अध्यक्ष श्री इंदेश्वरी चौबे ने बताया कि झारखंड सरकार के पेयजल एवं स्वच्छता विभाग, सरायकेला प्रमंडल के कार्यपालक अभियंता की लापरवाही के कारण पेंशनर उपेंद्र मांझी को उनकी जीपीएफ (सामान्य भविष्य निधि) की कटौती राशि का भुगतान अब तक नहीं हो पाया है।
श्री चौबे ने जानकारी दी कि वर्ष 1981 से 1986 तक कार्यरत अवधि के दौरान उपेंद्र मांझी के जीपीएफ खाता संख्या SKPH 26 में की गई कटौती की राशि का अद्यतन ब्याज सहित भुगतान लंबित है। इस कारण उन्हें लगातार आर्थिक एवं मानसिक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
ज्ञात हो कि उपेंद्र मांझी उक्त अवधि में सरायकेला प्रमंडल में नलकूप खलासी के पद पर कार्यरत थे और 31 दिसंबर 2020 को सेवानिवृत्त हो चुके हैं। सेवानिवृत्ति के बाद से ही वे अपने बकाया भुगतान के लिए विभाग से बार-बार अनुरोध कर रहे हैं, बावजूद इसके अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है।
श्री चौबे ने कहा कि भुगतान में हो रही देरी के कारण प्रतिदिन ब्याज की राशि बढ़ती जा रही है, जिसका अतिरिक्त भार अंततः सरकार को ही वहन करना पड़ेगा। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि शीघ्र भुगतान नहीं किया गया, तो न्याय की मांग को लेकर मामला न्यायालय तक ले जाया जाएगा, जिससे विभाग और सरकार की छवि प्रभावित हो सकती है।
इस अवसर पर झारखंड पेंशनर्स कल्याण समाज के अन्य सदस्य भी उपस्थित थे।