तेनुघाट, संवाददाता।
तेनुघाट महाविद्यालय में शुक्रवार को राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) इकाई के तत्वावधान में “नशा मुक्त भारत” अभियान के तहत विशेष जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य युवा पीढ़ी को नशीले पदार्थों के दुष्प्रभावों से अवगत कराकर नशा मुक्त समाज के निर्माण के प्रति प्रेरित करना था।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए महाविद्यालय के प्रोफेसर श्रीकांत प्रसाद ने कहा कि नशा एक गंभीर सामाजिक और आर्थिक अभिशाप है, जो व्यक्ति, परिवार और समाज को शारीरिक, मानसिक एवं आर्थिक रूप से कमजोर कर देता है। उन्होंने कहा कि युवाओं को नशे से दूर रखना हम सभी की प्राथमिक जिम्मेदारी है।
एनएसएस पदाधिकारी प्रोफेसर रावण माझी ने अपने संबोधन में कहा कि राष्ट्रीय सेवा योजना का उद्देश्य समाज सेवा के माध्यम से सकारात्मक परिवर्तन लाना है। उन्होंने कहा कि नशा युवाओं की प्रतिभा और क्षमता को नष्ट कर देता है, इसलिए इसके प्रति जागरूकता फैलाना अत्यंत आवश्यक है।
कार्यक्रम के दौरान उपस्थित सभी विद्यार्थियों ने संकल्प लिया कि वे स्वयं नशे से दूर रहेंगे तथा समाज को नशा मुक्त बनाने में सक्रिय भूमिका निभाएंगे।
इस अवसर पर प्रोफेसर धनंजय रविदास, विनय कुमार यादव, प्रेम कुमार, मुन्नालाल सोनी सहित महाविद्यालय के अन्य शिक्षक एवं बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित थे।