बसंत कुमार गुप्ता व्यूरो प्रमुख,
गुमला:- प्रखंड सभागार पालकोट में आज दिनाँक 9 नवंबर 2023 को प्रखंड स्तरीय बाल संरक्षण समिति की समीक्षा बैठक प्रखंड विकास पदाधिकारी एवं प्रमुख सोनी लकड़ा की अगुवाई में हुई। समीक्षा में बताया गया कि अब तक प्रखण्ड के कुल 74 राजस्व गाँव में समिति का पुनर्गठन किया जा जुका है। उनकी मासिक बैठक को नियमित करने पर निर्णय लिया गया। समिति अपने गाँव के सभी किशोर किशोरी का नाम, उनकी शैक्षणिक स्थिति आदि के बारे में जानकारी अंकित करने हेतु एक पंजी रखें तथा उसके माध्यम से गाँव से बाहर पलायन करने वाले किशोर किशोरियों की जानकारी समिति को रहे। यह आंकड़ा पंचायत स्तर पर प्रत्येक माह संधारित किया जाए।
बैठक में इस बात पर भी चर्चा एवं निर्णय हुआ कि ग्राम पंचायत के सदस्यों के साथ भी बाल विवाह, ढुकू प्रथा, मानव तस्करी एवं बालिका शिक्षा एवं उनके कौशल विकास संबंधी विषयों पर चर्चा हो ताकि वे अपने कार्यक्षेत्र को इन समस्याओं के उन्मूलन में सक्रिय दायित्व निभाएँ। महिला मण्डल एवं ग्राम सभा की बैठकों में भी बाल संरक्षण तंत्र पर चर्चा हो ताकि वे बाल अधिकार के हनन संबंधी मुद्दों पर आवाज उठा सकें। गाँव-गाँव में जागरूकता कार्यक्रम, नुक्कड़ नाटक, बैठक का आयोजन करने पर भी चर्चा हुई। सर्व समिति से निर्णय हुआ की विभिन्न गाँव मे अनाथ बच्चों की पहचान करके एवम उसके अभिभावक निर्धारित करके सरकार के फॉस्टर केयर कार्यकर्म से जोड़ जय ताकि सभी बच्चों सुरक्षित रहे।18 वर्ष से अधिक उम्र वाली लड़कियों को विभिन्न कौशल विकास कार्यकर्म से जोड़ने हेतु लिस्ट तैयार कर उन्हें संबंधित कौशल विकास एजेंसियों से जोड़ा जाय।सेंटर फॉर केटालाइज़िंग चेंज (C3) की ओर से बाल विवाह समाप्त करने, बालिका शिक्षा के महत्व एवं युवतियों को कौशल विकास कार्यक्रम से जोड़ने संबंधी प्रस्तावों के बारे में भी सहमति बनी। आगामी शिक्षक अभिभावक बैठक में बाल विवाह एवं पोक्सो एक्ट 2012 पर अभिभावकों की भी जागरूक करने की बात पर निर्णय हुआ।
बैठक में प्रखण्ड प्रमुख, चिन्हित पंचायतों के मुखिया, जिला बाल संरक्षण इकाई के प्रतिनिधि, किशोर-किशोरी प्रतिनिधि, बाल मित्र पुलिस प्रतिनिधि, महिला पयर्वेक्षिका, प्रखण्ड स्वास्थ्य विभाग के प्रतिनिधि, सेंटर फॉर केटालाइज़िंग चेंज की टीम, एवं सृजन के प्रतिनिधि उपस्थित थे।