सिमरिया: अनुमंडल मुख्यालय सिमरिया में अंबेडकर विश्वविद्यालय की स्थापना को लेकर झारखंड सरकार द्वारा प्रस्ताव तैयार किए जाने से क्षेत्र के छात्रों और अभिभावकों में खुशी की लहर है। विश्वविद्यालय बनने से अब स्थानीय शिक्षार्थियों को उच्च शिक्षा के लिए बाहर नहीं जाना पड़ेगा।
विश्वविद्यालय निर्माण के लिए प्रशासन को लगभग 50 से 60 एकड़ भूमि की आवश्यकता है, जो मुख्यालय के समीप एवं सड़क किनारे हो। इस संदर्भ में खाता संख्या 36, प्लॉट संख्या 49 एवं 50, मौजा रोल में लगभग 90 एकड़ गैरमजरुआ भूमि को चिन्हित किया गया है। यह भूमि विश्वविद्यालय निर्माण के लिए उपयुक्त मानी जा रही है।
हालांकि, चिन्हित भूमि पर डाड़ी और रोल गांव के कुछ ग्रामीणों का कब्जा होने की बात सामने आई है, जिसे लेकर प्रशासन को आवश्यक पहल करनी होगी। उल्लेखनीय है कि इस भूमि पर एक सुंदर जलाशय भी मौजूद है, जो भविष्य में विश्वविद्यालय परिसर की सुंदरता और उपयोगिता को और बढ़ा सकता है।
स्थानीय लोगों का मानना है कि यह स्थान छात्र-छात्राओं के आवागमन की दृष्टि से भी काफी सुविधाजनक है। विश्वविद्यालय की स्थापना से न केवल शिक्षा का स्तर ऊंचा होगा, बल्कि क्षेत्र के सामाजिक और आर्थिक विकास को भी गति मिलेगी।
इधर विश्वविद्यालय प्रस्तावित होने की खबर से पूरे अनुमंडल क्षेत्र में उत्साह का माहौल है। लोग प्रशासन से जल्द से जल्द निर्माण कार्य शुरू करने की मांग कर रहे हैं, ताकि शिक्षा के क्षेत्र में सिमरिया नई पहचान बना सके।