अनूप कुमार गुप्ता,
न्यूज अप्रैजल प्रतिनिधि, गढ़वा। पुलिस अधीक्षक श्री अमन कुमार (भा.पु.से.) की अध्यक्षता में आज पुलिस अधीक्षक कार्यालय, गढ़वा स्थित सभागार कक्ष में मासिक अपराध गोष्ठी का आयोजन किया गया। इस महत्वपूर्ण बैठक में जिले के सभी थाना एवं ओपी प्रभारियों ने भाग लिया।
गोष्ठी की शुरुआत आगामी स्वतंत्रता दिवस, जन्माष्टमी और चेहल्लुम पर्व के मद्देनज़र विशेष सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा के साथ हुई। एसपी ने अधिकारियों को त्योहारों के दौरान पूरी सतर्कता बरतने, संवेदनशील स्थानों की पहचान कर वहां लगातार चेकिंग करने तथा सभी संभावित गतिविधियों पर कड़ी निगरानी रखने के निर्देश दिए।
उन्होंने सीमावर्ती थानों को आपसी समन्वय बनाकर कार्य करने, अपराधियों की आवाजाही पर नजर रखने और आपसी सहयोग से अपराध नियंत्रण सुनिश्चित करने पर जोर दिया। उन्होंने नियमित अंतराल पर सघन वाहन चेकिंग अभियान चलाने के भी निर्देश दिए।
बैठक में पुराने लंबित मामलों की समीक्षा करते हुए एसपी ने संबंधित थाना प्रभारियों को अभियुक्तों की शीघ्र गिरफ्तारी कर मामलों का निष्पादन सुनिश्चित करने का आदेश दिया। जमीन से संबंधित विवादों को सुलझाने के लिए स्थानीय अंचलाधिकारी के साथ समन्वय स्थापित कर थाना परिसर में ‘थाना दिवस’ के आयोजन पर बल दिया गया।
तकनीकी संसाधनों के प्रयोग की आवश्यकता को रेखांकित करते हुए पुलिस अधीक्षक ने Netgrid सॉफ्टवेयर का अधिकतम उपयोग कर कांड अनुसंधान को बेहतर बनाने की बात कही। उन्होंने प्रतिबिंब पोर्टल से प्राप्त मोबाइल नंबरों का समय पर सत्यापन सुनिश्चित करने तथा अनुसंधान में E-साक्ष्य को दर्ज करने पर विशेष ध्यान देने को कहा।
साइबर सुरक्षा एवं सड़क सुरक्षा के तहत आम नागरिकों को जागरूक करने के लिए थाना स्तर पर अभियान चलाने का निर्देश भी दिया गया। सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने हेतु ब्लैक स्पॉट को चिन्हित कर उसमें सुधारात्मक कार्रवाई करने, दुर्घटनाओं और SC/ST कांडों में मुआवजे हेतु संबंधित विभाग को प्रस्ताव भेजने को कहा गया।
वाहन चेकिंग के दौरान “रक्षक ऐप” में वाहनों की विवरणी दर्ज करने और “नफ़ीस” में कैदियों की फिंगरप्रिंट प्रविष्टि सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए। इसके अलावा विगत माह में दर्ज कांडों की समीक्षा कर अनुसंधान में गति लाने एवं DGsP और IGsP कॉन्फ्रेंस पोर्टल पर थानावार जानकारी प्रविष्ट करने पर बल दिया गया।
एसपी ने SC/ST एवं पॉक्सो एक्ट से संबंधित मामलों में अनुसंधान को प्राथमिकता देने तथा शीघ्र न्याय सुनिश्चित करने के उद्देश्य से प्रभावी कार्रवाई करने का निर्देश भी अधिकारियों को दिया।
जनशिकायत समाधान कार्यक्रम के तहत आम लोगों की शिकायतों के शीघ्र निष्पादन की बात करते हुए एसपी ने कहा कि जनहित के मुद्दों को गंभीरता से लेते हुए समयबद्ध समाधान सुनिश्चित किया जाए।
बैठक में नक्सली घटनाओं की समीक्षा करते हुए उनके त्वरित निष्पादन, पासपोर्ट और चरित्र सत्यापन की प्रक्रियाओं में पारदर्शिता, लंबित वारंट एवं कुर्की मामलों में तेजी लाने, ड्रंक ड्राइविंग, चोरी, लूट, डकैती, आर्म्स एक्ट, साइबर अपराध, NDPS, CCA और IT एक्ट से जुड़े मामलों में गंभीरता से कार्रवाई करने के निर्देश भी दिए गए।
एसपी ने JOFS और पीजी पोर्टल के माध्यम से प्राप्त मामलों की गंभीरता से जांच करने को कहा और अनुसंधानकर्ताओं को ई-साक्ष्य आधारित कांड प्रविष्टि में तत्परता बरतने का निर्देश भी दिया।
बैठक के अंत में पुलिस अधीक्षक ने सभी थाना प्रभारियों को आपसी समन्वय, जवाबदेही और जनहित को सर्वोच्च प्राथमिकता देने की बात कहते हुए अपराध नियंत्रण में पुलिस की सक्रिय भूमिका पर बल दिया।