*बरहरवा संवाददाता। बरहरवा प्रखंड के शेरशाहबादी समुदाय के लोगों ने जाति प्रमाण पत्र निर्गत किए जाने की मांग को लेकर आंदोलन का ऐलान कर दिया है। इस संबंध में शेरशाहबादी डेवलपमेंट सोसाइटी के प्रतिनिधियों ने मंगलवार को अंचलाधिकारी से मुलाकात कर एक लिखित ज्ञापन के माध्यम से धरना को लेकर सूचना दी।
प्रतिनिधिमंडल ने अंचल कार्यालय पहुंचकर अपनी मांगों से संबंधित ज्ञापन दिया और कहा कि 4 मई 2026 से प्रखंड सह अंचल कार्यालय के समक्ष अनिश्चितकालीन धरना शुरू किया जाएगा।
क्या है मामला?
ज्ञापन में कहा गया है कि बरहरवा प्रखंड में शेरशाहबादी समुदाय की बड़ी आबादी निवास करती है, जो आर्थिक, सामाजिक और शैक्षणिक रूप से पिछड़ी हुई है। पहले इस समुदाय को अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) के तहत जाति प्रमाण पत्र जारी किए जाते थे, लेकिन पिछले लगभग 14 वर्षों से शेरशाहवादी जाति प्रमाण पत्र निर्गत करना बंद कर दिया गया है।
समाज के लोगों का आरोप है कि जानबूझकर एक प्रक्रिया के तहत प्रमाण पत्र जारी करने में बाधा उत्पन्न की जा रही है, जिससे युवाओं को शिक्षा, नौकरी और अन्य सरकारी योजनाओं का लाभ नहीं मिल पा रहा है।
पहले भी हो चुका है आंदोलन
सोसाइटी ने बताया कि इस मुद्दे को लेकर वे पिछले कई वर्षों से आंदोलन करते आ रहे हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान नहीं निकला है। प्रशासन और सरकार की ओर से इस गंभीर समस्या पर अपेक्षित पहल नहीं होने से लोगों में नाराजगी बढ़ रही है। और अब अपनी मांगों को लेकर अनिश्चितकालीन धरना दिया जाएगा। जब तक प्रमाणपत्र नहीं मिल जाता है तब तक धरना जारी रहेगा।
मौके पर संगठन के प्रतिनिधिमंडल के रूप में मुखिया इश्तियाक अहमद, आजमाइल शेख, शाहीन अख्तर, शकील अहमद एवं फारोग अहसान मौजूद थे।