पलामू। जिले के पांकी थाना क्षेत्र अंतर्गत द्वारिका के रघुआखाड़ में महाशिवरात्रि मेले के दौरान गोलगप्पा खाने से 150 से अधिक बच्चे बीमार हो गए। सभी बच्चों का इलाज पांकी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में कैंप लगाकर किया जा रहा है। डॉक्टरों के अनुसार सभी बच्चे खतरे से बाहर हैं।
जानकारी के अनुसार रविवार को मेले में पांच से 15 वर्ष आयु वर्ग के बच्चों ने गोलगप्पा खाया था। देर रात से बच्चों को उल्टी और दस्त की शिकायत शुरू हो गई। सोमवार सुबह तक करीब 25 बच्चे बीमार पड़ गए थे, जिसके बाद गांव वालों ने स्वास्थ्य विभाग को सूचना दी। स्वास्थ्य विभाग की टीम तत्काल द्वारिका गांव पहुंची और स्थिति को नियंत्रित करने के लिए कैंप लगाया गया। शाम तक बीमार बच्चों की संख्या बढ़कर 150 से अधिक हो गई। बीमार बच्चे द्वारिका समेत आसपास के तीन-चार गांवों के हैं।
पलामू के सिविल सर्जन डॉ. अनिल कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि सभी बच्चों की हालत स्थिर है और कई बच्चों को प्राथमिक उपचार के बाद घर भेज दिया गया है। पांकी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के प्रभारी महेंद्र प्रसाद ने कहा कि बच्चों की सेहत पर लगातार नजर रखी जा रही है। उल्टी और दस्त की शिकायत के कारण फूड पॉइजनिंग की आशंका जताई जा रही है और मामले की जांच की जा रही है।
घटना के बाद गांव में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। स्वास्थ्य केंद्र में केवल दो एंबुलेंस उपलब्ध होने के कारण स्थानीय ग्रामीणों ने सहयोग किया। पांकी पश्चिमी के मुखिया नेहाल अंसारी ने अपनी निजी गाड़ी से दर्जनों बच्चों को अस्पताल पहुंचाने में मदद की।
स्वास्थ्य विभाग द्वारा स्थिति पर सतत निगरानी रखी जा रही है तथा खाद्य पदार्थों के नमूने जांच के लिए भेजे जाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।