बाल विवाह और बाल तस्करी के खिलाफ कन्हैयास्थान में जागरूकता कार्यक्रम
ग्रामीणों और श्रद्धालुओं को बाल विवाह के दुष्परिणाम व कानूनी प्रावधानों की दी जानकारी

कोटालपोखर संवाददाता। राजमहल प्रखंड क्षेत्र के कन्हैयास्थान स्थित कन्हाई नाट्यशाला इस्कॉन मंदिर परिसर में सोमवार को जस्ट राइट फॉर चिल्ड्रेन के तत्वावधान में बाल विवाह, बाल शोषण, बाल तस्करी और बाल मजदूरी जैसी सामाजिक समस्याओं के खिलाफ जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। मंथन संस्था की ओर से सामाजिक कार्यकर्ता अंशु मालाकार ने ग्रामीणों, श्रद्धालुओं और मंदिर में मौजूद भक्तों को बच्चों की सुरक्षा एवं अधिकारों से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी दी।
बाल विवाह के दुष्परिणाम बताए
कार्यक्रम के दौरान विभिन्न क्षेत्रों से पहुंचे श्रद्धालुओं और स्थानीय ग्रामीणों को बाल विवाह के दुष्परिणामों के बारे में बताया गया। वक्ताओं ने कहा कि कम उम्र में विवाह होने से बच्चों की शिक्षा और उनके समुचित विकास के अवसर प्रभावित हो सकते हैं। इसके अलावा कम उम्र में विवाह से स्वास्थ्य संबंधी जोखिम भी बढ़ सकते हैं।

बाल विवाह पर रोक लगाने के लिए बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम, 2006 सहित अन्य कानूनी प्रावधानों की जानकारी भी दी गयी। लोगों से बाल विवाह की किसी भी घटना की जानकारी मिलने पर संबंधित अधिकारियों को सूचना देने की अपील की गयी।
बाल शोषण की सूचना देने की अपील
जागरूकता कार्यक्रम में बच्चों को यौन शोषण और अन्य प्रकार के दुर्व्यवहार से बचाने के उपायों पर भी चर्चा की गयी। लोगों को बताया गया कि बच्चों से जुड़े शोषण या उत्पीड़न के मामलों की जानकारी चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 अथवा संबंधित सामाजिक कार्यकर्ताओं को दी जा सकती है।
बाल कल्याण योजनाओं की दी जानकारी
कार्यक्रम के दौरान बाल विवाह, बाल तस्करी और बाल मजदूरी के अलावा बच्चों के हित में संचालित विभिन्न योजनाओं की भी जानकारी दी गयी। इनमें स्पॉन्सरशिप, आफ्टर केयर, फोस्टर केयर और सावित्रीबाई फुले योजना सहित अन्य योजनाएं शामिल रहीं। लोगों को इन योजनाओं के उद्देश्य और पात्र बच्चों को मिलने वाली सहायता के बारे में बताया गया।
मौके पर प्राण प्रभु, कृष्णा प्रभु समेत बड़ी संख्या में श्रद्धालु और कृष्ण भक्त मौजूद थे।
![]()





