बरहड़वा-पाकुड़ रेलखंड पर ट्रेनों के लंबे अंतराल से यात्री परेशान,महंगे सड़क सफर को मजबूर
Pakud News

रिपोर्ट : निशांत कुमार सानू,
कोटालपोखर संवाददाता
साहिबगंज जिले के बरहड़वा-पाकुड़ रेलखंड पर ट्रेनों के बीच लंबे अंतराल ने यात्रियों की परेशानी बढ़ा दी है। दिन के समय कई-कई घंटे तक ट्रेन नहीं मिलने के कारण लोगों को मजबूरी में सड़क मार्ग का सहारा लेना पड़ रहा है, जिससे उनकी जेब पर अतिरिक्त बोझ पड़ रहा है।

स्थानीय यात्रियों के अनुसार, करीब 30 किलोमीटर की दूरी तय करने के लिए ऑटो चालक 80 रुपये तक किराया वसूल रहे हैं। नियमित आवागमन करने वाले लोगों के लिए यह खर्च धीरे-धीरे भारी साबित हो रहा है।
सुबह के बाद लंबा गैप, यात्रियों की बढ़ी मुश्किलें
बरहड़वा से पाकुड़ आने वाले यात्रियों के लिए सुबह 6:30 बजे के बाद अगली ट्रेन दोपहर 12:20 बजे के बाद उपलब्ध होती है। इस बीच जरूरी कार्य से यात्रा करने वाले लोगों के सामने रेल सेवा का कोई विकल्प नहीं बचता। उन्हें या तो घंटों इंतजार करना पड़ता है या फिर महंगे सड़क सफर को चुनना पड़ता है।
इसी तरह पाकुड़ से बरहड़वा जाने वाले यात्रियों की स्थिति भी चिंताजनक है। सुबह 9:30 बजे के बाद सीधे शाम 5:30 बजे तक कोई ट्रेन उपलब्ध नहीं होने से दिन के समय यात्रा करने वाले लोगों को भारी परेशानी उठानी पड़ रही है।
ट्रेन नहीं तो ऑटो ही सहारा
रेलवे की समय-सारिणी में लंबे अंतराल के कारण यात्रियों की निर्भरता सड़क परिवहन पर बढ़ गई है। यात्रियों का कहना है कि ट्रेन नहीं मिलने पर ऑटो चालक मनमाना किराया वसूलते हैं। हालांकि जरूरी काम के कारण लोगों को यह खर्च वहन करना पड़ता है।
नौकरीपेशा लोग, विद्यार्थी, व्यापारी और अन्य दैनिक यात्री इस समस्या से सबसे अधिक प्रभावित हैं। उनका कहना है कि महीने भर में अतिरिक्त परिवहन खर्च परिवार के बजट पर असर डाल रहा है।
राजस्व देने के बावजूद सुविधाओं की कमी पर नाराजगी
स्थानीय लोगों ने बताया कि बरहड़वा-पाकुड़ रेलखंड से रेलवे को अच्छा खासा राजस्व मिलता है, इसके बावजूद यात्रियों की सुविधा के अनुरूप ट्रेन सेवाएं उपलब्ध नहीं हैं। सुबह और शाम के अलावा दिन के समय भी बड़ी संख्या में लोग इस मार्ग पर यात्रा करते हैं, लेकिन उनके लिए कोई पर्याप्त व्यवस्था नहीं है।
अतिरिक्त ट्रेन चलाने की उठी मांग
यात्रियों ने रेल प्रशासन से मांग की है कि बरहड़वा से पाकुड़ के बीच सुबह 6:30 बजे से दोपहर 12:20 बजे के बीच तथा पाकुड़ से बरहड़वा के बीच सुबह 9:30 बजे से शाम 5:30 बजे के बीच कम से कम एक अतिरिक्त यात्री ट्रेन चलाई जाए।
लोगों का मानना है कि यदि इस समयावधि में ट्रेन सेवा शुरू की जाती है तो यात्रियों को बड़ी राहत मिलेगी और उन्हें महंगे सड़क परिवहन पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा। साथ ही ऑटो चालकों द्वारा वसूले जा रहे अधिक किराये की समस्या भी काफी हद तक कम हो जाएगी।
अब यात्रियों को रेल प्रशासन की पहल का इंतजार है।
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