डीएवी पब्लिक स्कूल महेशपुर में मनाया गया राष्ट्रीय एकता दिवस, विद्यार्थियों ने ली सत्यनिष्ठा की शपथ
सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती पर भ्रष्टाचार मुक्त भारत का संकल्प, पोस्टर, निबंध और प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिताओं में बच्चों ने दिखायी प्रतिभा

महेशपुर। रिपोर्ट : केशव तिवारी। भ्रष्टाचार मुक्त भारत के निर्माण में नई पीढ़ी की भागीदारी सुनिश्चित करने और विद्यार्थियों में ईमानदारी एवं नैतिक मूल्यों का विकास करने के उद्देश्य से शनिवार को महेशपुर स्थित डीएवी पब्लिक स्कूल में राष्ट्रीय एकता दिवस मनाया गया। लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने उनके राष्ट्र निर्माण में योगदान को याद करते हुए सत्यनिष्ठा की शपथ ली और भ्रष्टाचार मुक्त समाज के निर्माण में अपनी भूमिका निभाने का संकल्प लिया।
विद्यालय में सतर्कता जागरूकता सप्ताह के तहत आयोजित कार्यक्रम में प्राचार्य, शिक्षक-शिक्षिकाओं और विद्यार्थियों ने सामूहिक रूप से सत्यनिष्ठा की शपथ ली। सभी ने अपने व्यक्तिगत एवं सामाजिक जीवन में ईमानदारी, पारदर्शिता और जवाबदेही को प्राथमिकता देने तथा भ्रष्टाचार से दूर रहने का संकल्प लिया।

प्रतियोगिताओं के माध्यम से दिया ईमानदारी का संदेश
कार्यक्रम के दौरान पोस्टर मेकिंग, निबंध लेखन, प्रश्नोत्तरी और स्लोगन लेखन प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। इसमें विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। बच्चों ने अपनी रचनात्मकता के माध्यम से भ्रष्टाचार मुक्त भारत की परिकल्पना प्रस्तुत की और समाज में ईमानदारी एवं पारदर्शिता के महत्व को रेखांकित किया।
सरदार पटेल के आदर्शों से राष्ट्र निर्माण की प्रेरणा
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों में नैतिकता, कर्तव्यनिष्ठा और सामाजिक जिम्मेदारी की भावना विकसित करना था। इस दौरान सरदार वल्लभभाई पटेल के साहस, दृढ़ इच्छाशक्ति और देश की एकता एवं अखंडता को मजबूत करने में उनके ऐतिहासिक योगदान की जानकारी दी गई।
विद्यार्थियों को बताया गया कि किसी भी राष्ट्र की मजबूती केवल कानून और प्रशासनिक व्यवस्था से नहीं, बल्कि उसके नागरिकों की ईमानदारी, अनुशासन और कर्तव्यनिष्ठा से भी सुनिश्चित होती है। नई पीढ़ी को इन मूल्यों को अपने जीवन में अपनाकर जिम्मेदार नागरिक बनने की प्रेरणा दी गई।
शिक्षकों का रहा सराहनीय योगदान
कार्यक्रम को सफल बनाने में विद्यालय के वरिष्ठ शिक्षक कुलदीप उपाध्याय, बीपी शाही, राजीव कुमार और विकास कुमार सहित सभी शिक्षक-शिक्षिकाओं की महत्वपूर्ण भूमिका रही। कार्यक्रम का समापन राष्ट्रप्रेम, ईमानदारी और सामाजिक दायित्वों के प्रति प्रतिबद्धता के संकल्प के साथ हुआ।
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