पाकुड़ ठाकुरबाड़ी छठ घाट पर 11 हजार वोल्ट के तार को ऊंचा करने की मांग
छठ पूजा समिति की बैठक में उठा बिजली तार का मुद्दा, घाट की सफाई, सीढ़ियों के रंग-रोगन और आकर्षक सजावट पर भी जोर

पाकुड़ के ठाकुरबाड़ी छठ घाट पर सुरक्षा को लेकर चिंता, 11 हजार वोल्ट के तार को ऊंचा करने की मांग
पाकुड़। रिपोर्ट : केशव तिवारी। लोक आस्था के महापर्व छठ को लेकर हरिणडांगा बाजार स्थित ठाकुरबाड़ी छठ पूजा समिति ने तैयारियां तेज कर दी हैं। इसी क्रम में ठाकुरबाड़ी मंदिर परिसर में समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में छठ घाट की व्यवस्था, श्रद्धालुओं की सुरक्षा और पर्व को भव्य रूप से मनाने को लेकर विस्तार से चर्चा हुई। इस दौरान छठ पोखर के समीप बाईपास सड़क के ऊपर से गुजर रहे नीचे लटकते 11 हजार वोल्ट के बिजली तार का मुद्दा प्रमुखता से उठा। समिति सदस्यों ने पर्व से पहले तार को सुरक्षित ऊंचाई पर करने की मांग बिजली विभाग और जिला प्रशासन से की।
बैठक की अध्यक्षता समिति के वरिष्ठ सदस्य धर्मेंद्र शाह ने की। मौके पर समिति के कोषाध्यक्ष विजय जायसवाल ने पिछले वर्ष छठ पूजा के आयोजन का आय-व्यय विवरण प्रस्तुत किया। उन्होंने विभिन्न मदों में हुए खर्च की जानकारी दी। इसके बाद आगामी छठ महापर्व के बजट और आयोजन को बेहतर बनाने को लेकर सदस्यों ने अपने सुझाव रखे।

हाई वोल्टेज तार से श्रद्धालुओं की सुरक्षा पर खतरा
बैठक में सदस्यों ने कहा कि छठ पूजा के दौरान घाट पर बड़ी संख्या में महिला व्रती, श्रद्धालु और बच्चे पहुंचते हैं। ऐसे में पोखर के समीप बाईपास सड़क के ऊपर से गुजर रहा नीचे लटकता 11 हजार वोल्ट का बिजली तार गंभीर सुरक्षा चिंता का विषय है। इससे दुर्घटना की आशंका बनी रहती है। साथ ही सड़क पर आकर्षक लाइट गेट लगाने में भी परेशानी हो सकती है। समिति ने बिजली विभाग और जिला प्रशासन से मांग की कि पर्व से पहले तार को सुरक्षित ऊंचाई पर किया जाए और जरूरी सुरक्षा इंतजाम सुनिश्चित किए जाएं।
घाट की सफाई और सीढ़ियों के रंग-रोगन की मांग
छठ घाट की साफ-सफाई को लेकर नगर परिषद की ओर से शुरू की गई पहल पर समिति ने संतोष जताया। सदस्यों ने नगर परिषद के अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों के प्रति आभार व्यक्त किया। साथ ही घाट की सीढ़ियों का रंग-रोगन कराने का आग्रह किया, ताकि छठ व्रतियों को स्वच्छ और सुंदर वातावरण मिल सके।
बैठक में इस वर्ष छठ पूजा को आकर्षक सजावट और बेहतर रोशनी के साथ भव्य रूप से आयोजित करने का निर्णय लिया गया। तैयारियों को अंतिम रूप देने और समिति के गठन से संबंधित विषयों पर चर्चा के लिए 4 नवंबर, बुधवार को पुनः बैठक आयोजित करने पर सहमति बनी।
बैठक में समिति अध्यक्ष गौरव शाह, रमाशंकर जायसवाल, पवन भगत, रतन भगत समेत समिति के कई सदस्य मौजूद थे।
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