11वीं वाहिनी सीआरपीएफ ने मनाया 88 वां स्थापना


लातेहार। 11वीं वाहिनी केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के ब्लॉक परिसर में मंगलवार को सीआरपीएफ का 88वां स्थापना दिवस उत्साह और गरिमापूर्ण माहौल में मनाया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता 11वीं वाहिनी के कमांडेंट रवि कुमार ने की। इस अवसर पर उन्होंने सभी अधिकारियों, जवानों और उनके परिवारों को स्थापना दिवस की शुभकामनाएं देते हुए बल की गौरवशाली परंपराओं को आगे भी कायम रखने का आह्वान किया।
समारोह की शुरुआत शहीद स्मारक पर पुष्पांजलि अर्पित कर शहीद जवानों को श्रद्धांजलि देने के साथ हुई। इसके बाद मुख्यालय स्थित क्वार्टर गार्ड में कमांडेंट ने सलामी ली और जवानों को संबोधित करते हुए देश की आंतरिक सुरक्षा, कानून-व्यवस्था बनाए रखने तथा राष्ट्रीय एकता में सीआरपीएफ की महत्वपूर्ण भूमिका पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि जब-जब देश पर संकट आया है, सीआरपीएफ ने पूरी निष्ठा और साहस के साथ अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन किया है।
कार्यक्रम के दौरान बल के इतिहास और उपलब्धियों का भी उल्लेख किया गया। बताया गया कि स्वतंत्रता के बाद 28 दिसंबर 1949 को तत्कालीन गृह मंत्री सरदार वल्लभभाई पटेल ने क्राउन रिप्रेजेंटेटिव पुलिस का नाम बदलकर केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल रखा था। वर्तमान में 247 बटालियनों के साथ सीआरपीएफ विश्व का सबसे बड़ा अर्धसैनिक बल है और देश-विदेश में अपनी सेवाएं दे रहा है।
संध्या में सांस्कृतिक कार्यक्रम, खेलकूद प्रतियोगिताएं और सामूहिक भोज का आयोजन किया गया। समारोह में वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारी डॉ. अमूल्या कूजुर, द्वितीय कमान अधिकारी रतीन्द्र चरण मिश्र, द्वितीय कमान अधिकारी पितवास पंडा, उप कमांडेंट शोभनाथ, सहायक कमांडेंट राजीव रंजन प्रताप सहित बड़ी संख्या में अधिकारी, जवान और उनके परिवार के सदस्य उपस्थित रहे।
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