विश्व मच्छर दिवस पर पाकुड़िया में जागरूकता रैली, मलेरिया से बचाव का संदेश
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र से मुख्य बाजार तक निकली रैली, स्वास्थ्यकर्मियों ने लोगों को साफ-सफाई, रुके पानी की निकासी और मच्छरदानी के उपयोग की दी सलाह; बुखार व कंपकंपी होने पर तुरंत जांच कराने की अपील


पाकुड़िया। विश्व मच्छर दिवस के अवसर पर गुरुवार को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पाकुड़िया से मुख्य बाजार तक स्वास्थ्यकर्मियों द्वारा जागरूकता रैली निकाली गई। रैली के माध्यम से लोगों को मलेरिया से बचाव के प्रति जागरूक किया गया। इस दौरान लोगों से घरों के आसपास साफ-सफाई रखने और पानी जमा नहीं होने देने की अपील की गई।
रैली में स्वास्थ्यकर्मियों ने मच्छरों से होने वाली बीमारियों के प्रति लोगों को सचेत किया। उन्होंने कहा कि घरों के आसपास जमा पानी को तुरंत हटाना चाहिए तथा साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखना चाहिए, ताकि मच्छरों के प्रजनन को रोका जा सके।
मौके पर डॉ. अब्दुल हक मंजर आलम ने कहा कि प्रत्येक वर्ष 20 अगस्त को विश्व मच्छर दिवस मनाया जाता है। उन्होंने बताया कि वर्ष 1897 में सर रोनाल्ड रॉस ने मलेरिया फैलाने वाले मादा एनोफिलीज मच्छर की पहचान की थी। यह मच्छर रुके हुए पानी में पनपता है, इसलिए घरों के आसपास पानी जमा नहीं होने देना चाहिए। साथ ही खिड़कियों में जाली लगाने और सोते समय मच्छरदानी के उपयोग की सलाह दी गई।
उन्होंने आगे कहा कि यदि किसी व्यक्ति को बुखार, कंपकंपी और सिरदर्द जैसे लक्षण दिखाई दें तो तुरंत सरकारी स्वास्थ्य केंद्र में मलेरिया की जांच करानी चाहिए। सरकारी अस्पतालों में यह जांच और इलाज पूरी तरह निःशुल्क उपलब्ध है।
इस अवसर पर प्रखंड की विभिन्न पंचायतों और स्कूलों में भी स्वास्थ्यकर्मियों द्वारा मलेरिया से बचाव को लेकर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए। मौके पर डॉ. वसीम रजा, केटीएस संजय मुर्मू, प्रखंड लेखा प्रबंधक प्रभात दास, एमपीडब्ल्यू अंकित हेम्ब्रम, नूर आलम शेख, मिशन शेख, रविंद्र मुर्मू सहित अन्य स्वास्थ्यकर्मी उपस्थित थे।
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