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लोहरदगा में मुख्यधारा की पत्रकारिता व चुनौतियों पर परिचर्चा

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लोहरदगा में मुख्यधारा की पत्रकारिता व चुनौतियों पर परिचर्चा

लोहरदगा : जिला पत्रकार संघ लोहरदगा की ओर से बुधवार को शहर के होटल न्यू लेक एवेन्यू में “मुख्यधारा की पत्रकारिता और वर्तमान चुनौतियां” विषय पर एक महत्वपूर्ण परिचर्चा कार्यक्रम आयोजित किया गया।

कार्यक्रम में पत्रकारिता के बदलते स्वरूप, डिजिटल दौर की चुनौतियों, पत्रकारों के कार्य व्यवहार, फर्जी पत्रकारिता पर रोक तथा प्रेस काउंसिल ऑफ इंडिया के नियमों पर विस्तार से चर्चा हुई।

कार्यक्रम में झारखंड यूनियन ऑफ जर्नलिस्ट के प्रदेश अध्यक्ष शिवकुमार अग्रवाल मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। अध्यक्षता जिला पत्रकार संघ के अध्यक्ष सतीश शाहदेव ने की, जबकि संचालन शाहिद रजा ने किया।

“पत्रकारिता की लक्ष्मण रेखा को न लांघें” – शिव अग्रवाल

मुख्य अतिथि शिवकुमार अग्रवाल ने कहा कि पत्रकारिता एक जिम्मेदारीपूर्ण और संवेदनशील कार्य है, जिसकी एक स्पष्ट लक्ष्मण रेखा है। खबरों के प्रकाशन में नैतिकता, अनुशासन और सत्यनिष्ठा का पालन अनिवार्य है। डिजिटल युग में तेजी से फैलती सूचनाओं के बीच विश्वसनीयता बनाए रखना सबसे बड़ी चुनौती है।

“पत्रकारिता समाज के प्रति बड़ी जिम्मेदारी” – गोपी कृष्ण कुंवर

वरिष्ठ पत्रकार गोपी कृष्ण कुंवर ने कहा कि पत्रकारिता समाज के प्रति बड़ी जिम्मेदारी है और इसे पूरी ईमानदारी व निष्पक्षता के साथ निभाना चाहिए।

“फर्जी पत्रकारिता बड़ा खतरा” – राकेश कुमार सिन्हा

लोहरदगा में मुख्यधारा की पत्रकारिता व चुनौतियों पर परिचर्चा

राकेश कुमार सिन्हा ने कहा कि फर्जी पत्रकारिता पेशे की विश्वसनीयता के लिए गंभीर खतरा है। इसकी पहचान कर सख्ती से रोकना आवश्यक है, क्योंकि इससे समाज और मीडिया दोनों की छवि प्रभावित होती है।

“उत्तेजना नहीं, विवेकपूर्ण निर्णय का कार्य है पत्रकारिता” – लोकेश केसरी

सम्मानित वरिष्ठ पत्रकार लोकेश केसरी ने कहा कि पत्रकारिता उत्तेजना का नहीं, बल्कि विवेकपूर्ण निर्णय का कार्य है। हर खबर को संतुलित और जिम्मेदारीपूर्वक प्रस्तुत किया जाना चाहिए।

“नियमों और संवेदनशीलता के साथ काम जरूरी” – विनोद प्रजापति

विनोद प्रजापति ने कहा कि पत्रकारों को नियमों और संवेदनशीलता के साथ कार्य करना चाहिए, ताकि समाज में सकारात्मक संदेश जाए।

“सीखने और सिखाने की प्रक्रिया निरंतर” – कयूम खान

कयूम खान ने कहा कि पत्रकारिता में सीखने और सिखाने की प्रक्रिया लगातार चलती रहती है। वरिष्ठ पत्रकारों का दायित्व है कि वे नए पत्रकारों का मार्गदर्शन करें।

वरिष्ठ पत्रकारों का सम्मान

कार्यक्रम के दौरान लंबे समय से निष्पक्ष एवं जिम्मेदार पत्रकारिता कर रहे वरिष्ठ पत्रकार लोकेश केसरी, विनोद प्रजापति, कयूम खान, सुदेश गुप्ता एवं प्रदीप गुप्ता को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया।

संचालन के दौरान शाहिद रजा ने प्रेस काउंसिल ऑफ इंडिया के नियमों का उल्लेख करते हुए कहा कि खबरों को निष्पक्ष, सटीक और बिना पूर्वाग्रह के प्रस्तुत करना चाहिए। धर्म, जाति या समुदाय के आधार पर नफरत फैलाने वाली खबरों से बचना चाहिए तथा पेड न्यूज जैसी कुप्रथाओं पर सख्ती से रोक लगानी चाहिए।

कार्यक्रम का समापन धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ। इस अवसर पर जिले एवं प्रखंड के अनेक वरिष्ठ एवं युवा पत्रकार उपस्थित रहे।

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