गोमिया।झारखंड में कुड़मी (कुरमी) समाज ने अपनी वर्षों पुरानी मांग को लेकर एक बार फिर आंदोलन का बिगुल फूंक दिया है। अनुसूचित जनजाति (एसटी) की सूची में शामिल किए जाने की मांग को लेकर शनिवार से कुड़मी समाज ने अनिश्चितकालीन रेल टेका आंदोलन शुरू कर दिया है। आंदोलन का असर झारखंड ही नहीं बल्कि पश्चिम बंगाल और ओडिशा में भी दिख रहा है। तीनों राज्यों के करीब 100 रेलवे स्टेशनों पर कुड़मी संगठनों ने रेल परिचालन पूरी तरह ठप करने का ऐलान किया है। आंदोलनकारी साफ कह रहे हैं कि…