
घाघरा (गुमला)। घाघरा प्रखंड के दीरगांव पंचायत सचिवालय में शनिवार को मतदाता गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर दावा-आपत्ति से संबंधित जनसुनवाई कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम में प्रशासनिक अधिकारियों की उपस्थिति में मतदाता सूची को अधिक पारदर्शी और त्रुटिरहित बनाने पर जोर दिया गया।
जनसुनवाई के दौरान अंचल अधिकारी (सीओ) खाखा सुशील कुमार उपस्थित रहे और उन्होंने प्राप्त सभी दावा-आपत्तियों की विस्तार से सुनवाई की। वहीं जिला उप निर्वाचन पदाधिकारी गुंजन कुमारी सिन्हा भी कार्यक्रम में शामिल हुईं और मतदाता पुनरीक्षण प्रक्रिया की समीक्षा की।

कार्यक्रम के दौरान बड़ी संख्या में ग्रामीण एवं मतदाता उपस्थित हुए। लोगों ने मतदाता सूची में नाम, पता, उम्र और अन्य विवरणों से जुड़ी त्रुटियों को लेकर अपनी-अपनी आपत्तियां एवं दावे प्रस्तुत किए। अधिकारियों ने सभी मामलों को गंभीरता से सुनते हुए संबंधित दस्तावेजों की जांच की और कई मामलों का मौके पर ही समाधान भी किया गया।
अधिकारियों ने बताया कि मतदाता सूची लोकतंत्र की सबसे महत्वपूर्ण आधारशिला है, इसलिए इसमें किसी भी प्रकार की त्रुटि नहीं रहनी चाहिए। उन्होंने ग्रामीणों से अपील की कि वे निर्धारित समय-सीमा के भीतर अपने दावा-आपत्तियां अवश्य दर्ज कराएं, ताकि पात्र नागरिकों का नाम सूची में शामिल हो सके और कोई भी योग्य मतदाता मतदान से वंचित न रहे।
जनसुनवाई के दौरान पंचायत स्तर के कर्मचारी एवं अन्य संबंधित पदाधिकारी भी मौजूद रहे। अधिकारियों ने पूरी प्रक्रिया को पारदर्शी तरीके से संपन्न कराने और सभी शिकायतों के त्वरित निष्पादन का निर्देश दिया।
कार्यक्रम के अंत में अधिकारियों ने यह भी कहा कि मतदाता पुनरीक्षण अभियान का उद्देश्य हर योग्य नागरिक को मतदान के अधिकार से जोड़ना है, और इसके लिए प्रशासन पूरी तरह से प्रतिबद्ध है.
![]()




