लातेहार संवाददाता,
लातेहार झामुमो जिलाध्यक्ष लाल मोती नाथ शाहदेव ने अपने परिवार के साथ राजस्थान के दो प्रमुख धार्मिक स्थलों—अजमेर शरीफ दरगाह और पुष्कर स्थित ब्रह्मा मंदिर—का दर्शन कर सांप्रदायिक सौहार्द और गंगा–जमुनी तहजीब की मिसाल पेश की।
अजमेर शरीफ दरगाह में उन्होंने सूफी संत ख्वाजा मोइनुद्दीन चिश्ती की मजार पर चादरपोशी कर जिले व राज्य में अमन-चैन, भाईचारे और आपसी सद्भाव की दुआ मांगी। उन्होंने कहा कि सूफी संतों की शिक्षा समाज को जोड़ने और प्रेम, शांति व एकता का संदेश देने वाली है, जिसे हर व्यक्ति को अपने जीवन में अपनाना चाहिए।
दर्शन के बाद वे परिवार सहित पुष्कर धाम पहुंचे, जहां विश्वप्रसिद्ध ब्रह्मा मंदिर में उन्होंने विधि-विधान से पूजा-अर्चना की। इस दौरान उन्होंने क्षेत्र की खुशहाली, समृद्धि और सर्वांगीण विकास की कामना की। उल्लेखनीय है कि पुष्कर का ब्रह्मा मंदिर विश्व में भगवान ब्रह्मा का एक मात्र प्रमुख और दुर्लभ मंदिर माना जाता है, जहां देश-विदेश से लाखों श्रद्धालु प्रतिवर्ष पहुंचते हैं।
जिलाध्यक्ष शाहदेव ने कहा कि भारत विविधताओं का देश है, जहां सभी धर्मों का समान सम्मान किया जाता है। परिवार के साथ धार्मिक स्थलों की यात्रा आपसी समझ, संस्कार और सामाजिक सौहार्द को और मजबूत करती है।
लोगों का मानना है कि इस तरह की पहल समाज में सकारात्मक संदेश देती है और आपसी भाईचारे को और प्रगाढ़ बनाती है।