- व्यवसायिक रूप से मशरूम की खेती कर आत्मनिर्भर बने महिलाएं :- चन्द्रशेखर पटेल
दुमका:- इंडियन बैंक ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान जामा, दुमका के तत्वाधान में महिलाओं के लिए 10 दिवसीय मशरूम उत्पादन प्रशिक्षण का समापन शुक्रवार को किया गया। प्रशिक्षण समापन के दौरान प्रशिक्षित प्रशिक्षुओं को मुख्य अतिथ इंडियन बैंक के जिला अग्रणी प्रबंधक चन्द्रशेखर पटेल एवं आरसेटी के निदेशक पंकज कुमार चौधरी के द्वारा संयुक्त रूप से प्रतिभागियों के बीच प्रमाण पत्र वितरण कर किया गया एवं उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। मुख्य अतिथि श्री चन्द्रशेखर पटेल ने बताया कि आज मशरूम व्यवसाय काफी समृद्ध हो गया हैं, लोग मशरूम काफी पसंद कर रहे हैँ। मशरूम का उत्पादन कर किसान अच्छा मुनाफा कमा सकते है, वे बैंकों से आसानी से ऋण भी ले सकते है। साथ ही उन्होंने कहा कि प्रशिक्षण में मिली जानकारी का सदुपयोग करें और जिले के विकास में योगदान दें।
आरसेटी के निदेशक पंकज कुमार चौधरी ने महिलाओं को प्रेरित करते हुए कहा कि प्रशिक्षण प्राप्त कर आप हुनरमंद बन चुकी है।साथ ही उन्होंने कहा कि इस प्रशिक्षण को महिलाएं भी बखूबी कर रही हैं। उन्होंने कहा कि महिलाओं के सशक्त व आत्मनिर्भर होने से समाज मजबूत होगा, महिलाएं अब राजनीतिक, सामाजिक और आर्थिक क्षेत्र में मजबूती से कदम बढ़ा रही हैं। अब आप अपने रोजगार स्थापित कर परिवार को आर्थिक सहयोग प्रदान करें। कार्यक्रम समन्वयक अमरदीप कुमार ने सभी प्रशिक्षणर्थियों को प्रशिक्षण में व्यवसाय से जुड़े सभी पहलुओं से अवगत कराया जिसमें एक सफल उद्यमी बनने के गुण, बाजार प्रबंधन, समस्या समाधान, बैंकिंग, कौशल विकास आदि से संबंधित प्रशिक्षण दिया गया। मशरूम की खेती का प्रशिक्षण प्रशिक्षिका स्नेहली हेम्ब्रम ने दिया। मशरूम की खेती में ओयस्टर और बटन मशरूम खेती के बारे में विस्तार से बताया गया, जहाँ कम्पोस्ट और स्पान बनाने की प्रक्रिया बताई गई और मशरूम की खेती करने के लिए उचित तापमान के बारे में जानकारी दी गई। इस मौक़े पर आरसेटी के कार्यालय सहायक अभिषेक कुमार, मनोज कुमार सिंह, एफएलसी सुधीर कुमार एवं संजय सोरेन उपस्थित थे।