पंकज कुमार यादव,
लातेहार:- पलामू टाइगर रिजर्व (पीटीआर) के महत्वपूर्ण बारेसांड़ वन क्षेत्र में नए रेंजर तरुण कुमार सिंह को अतिरिक्त प्रभार दिए जाने के बाद स्थानीय ग्रामीणों का विरोध दूसरे दिन भी तेज रहा। लाटु ग्राम में सैकड़ों ग्रामीणों ने बैठक कर एक स्वर में उनके पदस्थापन का विरोध जताया। इस दौरान “भ्रष्टाचार रेंजर वापस जाओ” के नारे लगाए गए। ग्रामीणों का कहना है कि पूर्व के सात वर्षों के कार्यकाल से वे पहले ही असंतुष्ट रहे हैं।
ग्रामीणों ने बताया कि तरुण कुमार सिंह की नियमित पोस्टिंग चाईबासा वन प्रमंडल के आनंदपुर क्षेत्र में है, जो बारेसांड़ से लगभग 300 किलोमीटर दूर स्थित है। ऐसे में इतनी दूरी से अतिरिक्त प्रभार संभालने पर वन क्षेत्र की सुरक्षा और वन्यजीवों की निगरानी प्रभावित होने की आशंका जताई जा रही है। बारेसांड़ रेंज पीटीआर का अत्यंत संवेदनशील इलाका है, जहां घने जंगलों में हाथियों समेत कई दुर्लभ वन्यजीव निवास करते हैं। ग्रामीणों का कहना है कि यहां नियमित और सक्रिय रेंजर की तैनाती अनिवार्य है।
बैठक में दुरूप गांव के प्रधान दानियल ब्रिजिया और लाटु के प्रधान प्रकाश मंडा ने बताया कि ग्रामीणों ने सर्वसम्मति से निर्णय लेकर स्थानीय विधायक रामचंद्र सिंह से अतिरिक्त प्रभार को रद्द कराने की मांग की है। साथ ही ग्राम सभा के माध्यम से मुख्य वन संरक्षक को लिखित आवेदन भेजा गया है, जिसमें तरुण कुमार सिंह को वापस चाईबासा भेजने की मांग की गई है।
ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि उनके पूर्व कार्यकाल में बिचौलियों का प्रभाव बढ़ा था, जिससे आम लोगों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ा। इसी कारण ग्रामीणों में असंतोष व्याप्त है। उन्होंने पूर्व रेंजर नंदकुमार मेहता को पुनः बारेसांड़ रेंज का प्रभार सौंपने की मांग की है और कहा है कि उनके कार्यकाल में वन प्रबंधन बेहतर रहा था।
ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों पर शीघ्र विचार नहीं किया गया तो वे व्यापक आंदोलन करने को बाध्य होंगे। उन्होंने वन विभाग से संवेदनशील वन क्षेत्र में नियमित रेंजर की नियुक्ति सुनिश्चित करने की मांग की है, ताकि वन्यजीवों की सुरक्षा और वन प्रबंधन कार्य प्रभावी ढंग से संचालित हो सके।