बरहड़वा। बरहरवा प्रखंड सभागार में सोमवार को झारखंड आदि कर्मयोगी अभियान का विधिवत शुभारंभ प्रखंड विकास पदाधिकारी (बीडीओ) सह अभियान के नोडल पदाधिकारी सन्नी कुमार दास की अध्यक्षता में किया गया। इस मौके पर प्रखंड के विभिन्न विभागों के पदाधिकारी, कर्मी और जनप्रतिनिधि बड़ी संख्या में मौजूद रहे। कार्यक्रम का शुभारंभ पारंपरिक दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ। दीप प्रज्ज्वलन का कार्य बीडीओ सन्नी कुमार दास के साथ-साथ सांसद प्रतिनिधि अब्दुल कादिर, कार्यकारी बीस सूत्री प्रखंड अध्यक्ष अशोक कुमार दास और प्रभारी प्रखंड कल्याण पदाधिकारी गौतम कुमार ने संयुक्त रूप से किया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए बीडीओ सन्नी कुमार दास ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत सरकार ने वर्ष 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने का लक्ष्य रखा है। इस संकल्प को पूरा करने की दिशा में राज्य सरकार भी ठोस कदम उठा रही है। उन्होंने कहा कि आज भी कई आदिवासी एवं पिछड़े समुदाय विकास की मुख्यधारा से पूरी तरह से नहीं जुड़ पाए हैं। उन्हें समान अवसर और सुविधाएँ उपलब्ध कराने के उद्देश्य से ‘झारखंड आदि कर्मयोगी अभियान’ एक महत्वपूर्ण पहल है।
बीडीओ ने आगे कहा कि इस महत्वाकांक्षी योजना के तहत जिले के कुल 236 गांवों का चयन किया गया है, जिनमें बरहड़वा प्रखंड के दो गांव भी शामिल हैं। चयनित गांवों में इस अभियान के तहत 2 से 12 सितंबर तक 20-20 परिवर्तन नेताओं का चयन किया जाएगा। ये परिवर्तन नेता गांव की विकास यात्रा में प्रमुख भूमिका निभाएंगे और सरकार की योजनाओं को धरातल पर उतारने में मदद करेंगे।
उन्होंने जानकारी दी कि अभियान के दूसरे चरण में 13 से 30 सितंबर तक चयनित गांवों की प्राथमिक जरूरतों को ध्यान में रखते हुए पंचवर्षीय विजन प्लान तैयार किया जाएगा। इस विजन प्लान को एनजीओ ‘ओम साईं’ की टीम के सहयोग से तैयार किया जाएगा। गांवों में शिक्षा, स्वास्थ्य, पोषण, पेयजल, कृषि, सिंचाई, महिला सशक्तिकरण, आजीविका संवर्धन, सड़क और बिजली जैसी मूलभूत आवश्यकताओं को इसमें प्राथमिकता दी जाएगी। इसके बाद 2 अक्टूबर को विशेष ग्रामसभा आयोजित कर इस विजन प्लान को पारित किया जाएगा और इसकी प्रति प्रखंड कार्यालय को सौंपी जाएगी।
बीडीओ ने कहा कि सरकार की योजनाएँ तभी सफल होंगी जब उनमें आमजन की सहभागिता सुनिश्चित हो। ग्राम स्तर पर परिवर्तन नेता इस दिशा में अहम कड़ी साबित होंगे। अभियान का मुख्य उद्देश्य वंचित और पिछड़े वर्गों को विकास की मुख्यधारा से जोड़ना है।
इस अवसर पर सांसद प्रतिनिधि अब्दुल कादिर ने भी अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि गांवों का वास्तविक विकास तभी संभव है जब योजनाएँ गांव की आवश्यकताओं के अनुरूप बनाई जाएं। उन्होंने कहा कि केंद्र और राज्य सरकारें विकास के लिए कई योजनाएँ चला रही हैं, लेकिन इनका लाभ तभी मिलेगा जब उनकी सही जानकारी और क्रियान्वयन समय पर हो।
कार्यकारी बीस सूत्री प्रखंड अध्यक्ष अशोक कुमार दास ने कहा कि कर्मयोगी अभियान का उद्देश्य गांव-गांव में विकास की नई लहर लाना है। इस योजना से आदिवासी, दलित और पिछड़े वर्गों को सीधा फायदा मिलेगा। उन्होंने सभी जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों से अपील की कि वे इस अभियान को सफल बनाने में सक्रिय योगदान दें।
प्रभारी प्रखंड कल्याण पदाधिकारी गौतम कुमार ने कहा कि गांव की सामाजिक-आर्थिक स्थिति को सुधारने के लिए यह अभियान बेहद उपयोगी साबित होगा। उन्होंने बताया कि पंचवर्षीय विजन प्लान के माध्यम से गांव की जरूरतों का समग्र खाका तैयार किया जाएगा, जिससे आने वाले समय में योजनाओं को क्रियान्वित करने में पारदर्शिता और प्रभावशीलता बढ़ेगी।
कार्यक्रम में उपस्थित अन्य अधिकारियों ने भी अपने विचार रखे और अभियान की सफलता के लिए सहयोग का भरोसा दिलाया। मौके पर मनरेगा बीपीओ विजय कुमार जेनी, विभा किस्कू, जेएसएलपीएस बीपीएम फैज आलम, डॉ. नवल किशोर, प्रभारी कृषि पदाधिकारी चंदन सरकार, बीपीआरओ अरुण कुमार साहा, सहायक अभियंता फ्रांसीसी किस्कू, कनिष्ठ अभियंता महेश उरांव सहित प्रखंड स्तर के कई अधिकारी और जनप्रतिनिधि मौजूद थे।