राँची :- झारखण्ड प्रदेश भाजपा शनिवार से हार के कारणों की समीक्षा में जुट गई है. यह सिलसिला रविवार तक जारी रहेगा. जानकारी के अनुसार, हार के कारणों में अंदरूनी कलह और भीतरघात की बातें सामने आई.
देवघर के पूर्व विधायक नारायण दास ने दो टूक कहाकि हमें तो अपनों ने लूटा.वहीं गिरिडीह से उम्मीदवार रहे निर्भय शाहाबादी ने कहा कि मेरे साथ भीतरघात हुआ.भानू प्रताप शाही ने कहा कि विरोधियों की गोलबंदी की वजह से हार हुई. चुनाव के दौरान सत्ताधारी नेताओं ने जमकर पैसे बांटे.झामुमो छोड़ बीजेपी में आए लोबिन हेंब्रम ने कहा कि चुनाव के वक्त मेरी तस्वीर में तीर-धुनष लगा पोस्ट वायरल हुआ, जिससे हार हुई.
भाजपा प्रदेश कार्यालय में समीक्षा के दौरान राष्ट्रीय महासचिव (संगठन) बीएल संतोष, प्रदेश प्रभारी लक्ष्मीकांत वाजपेई, क्षेत्रीय संगठन महामंत्री नागेंद्र त्रिपाठी, प्रदेश संगठन महामंत्री कर्मवीर सिंह, प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी, कार्यकारी अध्यक्ष रविंद्र राय के अलावा भाजपा के सभी प्रत्याशी एवं सभी जिला अध्यक्ष मौजूद रहे.समीक्षा बैठक में बीजेपी उम्मीदवारों ने हार की वजह बताई.
कई उम्मीदवारों ने कहा कि मंईयां योजना के प्रति जनता का आकर्षण रहा. वहीं अंतिम समय में मंईयां योजना के तहत राशि बांटी गई. कई उम्मीदवारों ने चुनाव के दौरान हुई खामिय़ों पर भी जमकर भड़ास निकाली. अंदरूनी कलह को प्रमुख कारण बताय़ा गया. कई उम्मीदवारों ने कहा कि हमें फिर से संगठन के कार्यों में लगे रहना है.हारे हुए उम्मीदवारों से वन टू वन फीडबैक भी लिया जाएगा.
जिससे पार्टी यह भी पता करेगी कि कहां चूक हुई. कहां मिस मैनेजमेंट हुआ. सांगठनिक स्तर पर भी चूक के कारणों का पता लगाया जाएगा.समीक्षा बैठक पूरी होने के बाद जो बातें सामने निकल कर आएंगी उसे आलाकमान को अवगत कराया जाएगा. इसकी रिर्पोट सौंपी जाएगी.