संवाददाता अनूप कुमार गुप्ता
गढ़वा:- गढ़वा जिले के चिनिया थाना क्षेत्र अंतर्गत रानी चेरी गांव में शुक्रवार की शाम एक दर्दनाक घटना घटी, जिसमें 36 वर्षीय निरंजन कोरवा की सांप के काटने से मौत हो गई। घटना करीब शाम 6 बजे की है जब एक विषैला सांप अचानक घर में घुस आया।परिजनों के अनुसार, निरंजन ने सांप को पहले डंडे से मारने की कोशिश की, लेकिन असफल होने पर वह उसे हाथों से पकड़ने लगा।इसी दौरान सांप ने उसकी अंगुली में जोरदार डंस लिया।
उसके बाद भी उसने किसी तरह सांप को पकड़कर एक स्थानीय मुसहर के पास ले जाने की कोशिश की, लेकिन तब तक सांप के विष ने शरीर में असर दिखाना शुरू कर दिया।इलाज के लिए ले जाया गया, लेकिन रास्ते में ही मौत हो गई।परिवार वालों ने तुरंत निरंजन को इलाज के लिए गढ़वा अस्पताल ले जाने की कोशिश की, लेकिन रास्ते में ही उसकी मौत हो गई। डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
इस घटना से परिवार में कोहराम मच गया है। मृतक अपने पीछे पत्नी और पांच छोटे बच्चों को छोड़ गया है।घटना की सूचना पाकर चिनिया थाना प्रभारी अमित कुमार मौके पर पहुंचे और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए गढ़वा भेज दिया। पुलिस ने प्राथमिक जांच के बाद कहा कि यह एक दुर्भाग्यपूर्ण हादसा है, जिससे पूरे गांव में शोक का माहौल है।गांव में डर और सतर्कता की जरूरत रानी चेरी गांव में इस हादसे के बाद डर का माहौल है।
ग्रामीणों ने बताया कि हाल के दिनों में क्षेत्र में सांपों की गतिविधियां बढ़ी हैं, जिससे सतर्कता और सुरक्षा उपायों की जरूरत महसूस की जा रही है। ग्रामीणों का कहना है कि विषैले जीवों को लेकर जागरूकता अभियान चलाया जाना चाहिए ताकि ऐसे हादसों से बचा जा सके।ग्रामीण इलाकों में जागरूकता और सुविधा आवश्यक है।यह घटना एक बार फिर यह सोचने पर मजबूर करती है कि
ग्रामीण क्षेत्रों में विषैले जीवों से जुड़े खतरे कितने गंभीर हो सकते हैं। ऐसे में प्रशासन को चाहिए कि वह ग्रामीणों को सावधानी, प्राथमिक उपचार और समय पर इलाज की सुविधाएं उपलब्ध कराए।
सावधानी ही सुरक्षा है घरों, खेतों या जंगल किनारे काम करते समय विषैले जीवों के प्रति सतर्क रहना आवश्यक है। सांप जैसे खतरनाक जीवों से निपटने में जल्दबाजी या लापरवाही भारी पड़ सकती है। ग्रामीणों को सलाह दी जा रही है कि ऐसी स्थिति में तुरंत चिकित्सा सहायता लें, न कि खुद से जोखिम उठाएं।