पाकुड़। होली पर्व के मद्देनजर आमजनों के स्वास्थ्य की सुरक्षा सुनिश्चित करने एवं मिलावटी खाद्य पदार्थों की बिक्री पर रोक लगाने के उद्देश्य से खाद्य सुरक्षा विभाग द्वारा शनिवार को व्यापक जांच अभियान चलाया गया।
खाद्य सुरक्षा पदाधिकारी, पाकुड़ के नेतृत्व में गठित टीम ने शहरकोल हटिया, सोनाजोड़ी, कोयलामोड़ एवं आसपास के क्षेत्रों में स्थित लगभग 30 खाद्य प्रतिष्ठानों का औचक निरीक्षण किया। जांच के दौरान हानिकारक रंग एवं अमानक सामग्री पाए जाने पर लगभग 3 किलोग्राम बूंदिया एवं 3 किलोग्राम छोला नष्ट कराया गया तथा कुल 4100 रुपये का जुर्माना लगाया गया।
इसके अतिरिक्त लड्डू, गुझिया, लच्छा, हल्दी पाउडर सहित छह खाद्य नमूने जांच हेतु संग्रहित किए गए, ताकि पर्व के दौरान लोगों को सुरक्षित एवं शुद्ध खाद्य सामग्री उपलब्ध हो सके।
दुकानों पर कार्रवाई
कोयलामोड़ स्थित अजीत स्वीट्स एवं गोपी मंडल स्वीट्स में कार्रवाई करते हुए मोतीचूर लड्डू, रिफाइंड तेल एवं अन्य खाद्य पदार्थों के नमूने लिए गए। हानिकारक रंग पाए जाने पर बूंदिया नष्ट कराई गई। दोनों दुकानों पर जुर्माना लगाते हुए सुधारात्मक नोटिस जारी किया गया।
सोनाजोड़ी क्षेत्र में भी कई दुकानों से नमूने लिए गए तथा प्रतिबंधित रंग के पैकेट नष्ट कराए गए।
डीसी मोड़ स्थित प्रेम ढाबा में साफ-सफाई में कमी पाए जाने पर जुर्माना लगाया गया, जबकि कुछ दुकानों की स्वच्छता संतोषजनक पाई गई। हटिया शहरकोल क्षेत्र में छोले में हानिकारक रंग मिलने पर खाद्य सामग्री नष्ट कराई गई।
कानूनी कार्रवाई
कोटपा अधिनियम 2003 के अंतर्गत भी कई दुकानों पर दंडात्मक कार्रवाई की गई। जिन प्रतिष्ठानों में कमियां पाई गईं, उन्हें खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 के तहत सुधारात्मक नोटिस जारी किया गया तथा भविष्य में मानकों का पालन नहीं करने पर कड़ी कार्रवाई की चेतावनी दी गई।
खाद्य सुरक्षा विभाग ने आम नागरिकों से अपील की है कि पर्व के दौरान खाद्य सामग्री खरीदते समय गुणवत्ता एवं स्वच्छता का विशेष ध्यान रखें तथा किसी भी अनियमितता की सूचना विभाग को दें।