गोमिया।
गोमिया समेत पूरे बोकारो जिले में किसानों और मजदूरों के संघर्ष की एक सशक्त आवाज हमेशा के लिए खामोश हो गई। माकपा के पूर्व राज्य कमेटी सदस्य एवं झारखंड राज्य किसान सभा के उपाध्यक्ष कामरेड श्याम सुंदर महतो का 16 दिसंबर 2025 को निधन हो गया। उनके निधन से वामपंथी आंदोलन, किसान संगठनों और सामाजिक कार्यकर्ताओं में शोक की लहर दौड़ गई है।
कामरेड श्याम सुंदर महतो पिछले कई महीनों से अस्वस्थ चल रहे थे। 15 दिसंबर को उन्हें सेवा सदन, गोमिया में भर्ती कराया गया था, जहां से बेहतर इलाज के लिए उन्हें रिम्स, रांची रेफर किया गया। 16 दिसंबर की संध्या करीब 7 बजे उन्होंने रिम्स रांची में अंतिम सांस ली।
उनके निधन की खबर मिलते ही गोमिया प्रखंड के डुमरी बिहार स्थित आवास पर लोगों का सैलाब उमड़ पड़ा। शव यात्रा में सैकड़ों की संख्या में लोग शामिल हुए और “कामरेड श्याम सुंदर महतो अमर रहें” के नारों के साथ उन्हें अंतिम सलाम दिया। डुमरी बिहार के समीप बोकारो नदी तट पर उनका अंतिम संस्कार किया गया।
अंतिम विदाई के अवसर पर गोमिया के पूर्व विधायक लंबोदर महतो, मंत्री योगेंद्र प्रसाद महतो के भाई चित्रगुप्त महतो, माकपा राज्य कमेटी सदस्य रामचंद्र ठाकुर, गोमिया प्रखंड विकास अधिकारी महादेव कुमार महतो, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र प्रभारी डॉ. जितेंद्र कुमार, माकपा जिला सचिव भागीरथ शर्मा, राज्य कमेटी सदस्य प्रदीप कुमार विश्वास, राजकुमार गोराई, सियारी पंचायत के मुखिया रामवृक्ष मुर्मू, पूर्व प्रमुख गुलाबचंद हंसदा, भाकपा जिला सचिव गणेश महतो, माकपा नेता राकेश कुमार, विनय महतो, श्याम बिहारी सिंह दिनकर, मनोज पासवान, रेनू दास, अनिल बाउरी, सत्यनारायण महतो, आर.एन. सिंह, सकुर अंसारी, आजसू नेता इंद्रनाथ महतो समेत कई राजनीतिक व सामाजिक हस्तियां उपस्थित रहीं।