लातेहार। जिला मुख्यालय स्थित पंडित दीनदयाल उपाध्याय नगर भवन में बुधवार को सामाजिक अंकेक्षण की तैयारी के उद्देश्य से एक दिवसीय अन्मुखीकरण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ उपायुक्त उत्कर्ष गुप्ता, जिला परिषद अध्यक्ष पूनम देवी, उप विकास आयुक्त सैय्यद रियाज अहमद, मुखिया एवं जनप्रतिनिधियों द्वारा संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया गया।
यह कार्यक्रम राष्ट्रीय सामाजिक सहायता कार्यक्रम (NSAP) के तहत आयोजित किया गया, जिसमें विभिन्न विभागों के प्रतिनिधि, प्रखंड विकास पदाधिकारी, पंचायत सचिव, सामाजिक अंकेक्षण से जुड़े कर्मी एवं अन्य हितधारक शामिल हुए।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए उपायुक्त उत्कर्ष गुप्ता ने प्रतिभागियों को सामाजिक अंकेक्षण की प्रक्रिया, उसके महत्व और शासन में पारदर्शिता सुनिश्चित करने की भूमिका के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि सामाजिक अंकेक्षण शासन को जवाबदेह और पारदर्शी बनाने का एक सशक्त माध्यम है। इसके माध्यम से विकास योजनाओं का सही क्रियान्वयन होता है और योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंच पाता है।
जिला परिषद अध्यक्ष पूनम देवी, उप विकास आयुक्त सैय्यद रियाज अहमद एवं प्रभारी पदाधिकारी सहायक निदेशक सामाजिक सुरक्षा कोषांग ने भी सामाजिक अंकेक्षण की प्रक्रिया, इसके उद्देश्यों तथा जवाबदेही और पारदर्शिता सुनिश्चित करने में इसकी महत्ता पर विस्तार से प्रकाश डाला।
कार्यक्रम में सामाजिक अंकेक्षण के विभिन्न पहलुओं—जैसे अंकेक्षण की तकनीक, दस्तावेजीकरण, शिकायत निवारण, समुदाय की भागीदारी आदि पर चर्चा की गई। साथ ही आगामी सामाजिक अंकेक्षण की रणनीति, टीम गठन, क्षेत्रीय सर्वेक्षण और रिपोर्टिंग से संबंधित दिशा-निर्देश दिए गए। अधिकारियों ने संबंधित विभागों और प्रतिनिधियों को समयबद्ध एवं प्रभावी अंकेक्षण के लिए सभी तैयारियां पूरी करने का निर्देश दिया।
इस अवसर पर प्रतिभागियों की शंकाओं का समाधान भी किया गया और उनके सवालों के जवाब दिए गए।
कार्यक्रम में जिला पंचायती राज पदाधिकारी श्रेयांश, सहायक निदेशक सामाजिक सुरक्षा कोषांग मेरी मड़की, जिला जनसंपर्क पदाधिकारी डॉ. चंदन, सभी प्रखंड विकास पदाधिकारी, जिला परिषद सदस्य विनोद उरांव, बुद्धेश्वर उरांव, लातेहार प्रखंड प्रमुख परशुराम लोहरा, विभिन्न पंचायतों के मुखिया, सामाजिक अंकेक्षण से जुड़े कर्मी एवं अन्य हितधारक उपस्थित थे।