रिपोर्टिंग: प्रेम कुमार साहू, घाघरा (गुमला)
गुमला:स्कूली वाहनों की कड़ी जाँच के बाद जिला परिवहन पदाधिकारी (DTO) की टीम ने बुधवार को मालवाहक एवं यात्री वाहनों पर मेगा अभियान चलाया। ओवरलोडिंग, अवैध परिचालन और सुरक्षा नियमों की अनदेखी पर कुल ₹2,20,000 (दो लाख बीस हजार रुपये) का रिकॉर्ड जुर्माना वसूला गया।
अवैध परिचालन पर कसा शिकंजा — ‘शैलेन्द्र’ बस जब्त
DTO और मोटरयान निरीक्षक (MVI) सड़क पर उतरते ही वाहन चालकों में हड़कंप मच गया। जाँच अभियान का मुख्य फोकस बॉक्साइट लदे भारी वाहनों पर था, लेकिन यात्री परिवहन भी कार्रवाई के दायरे में आ गया।
- बिना वैध परमिट चल रही ‘शैलेन्द्र’ यात्री बस को मौके पर ही जब्त किया गया।
- बॉक्साइट से भरे कई ट्रक निर्धारित क्षमता से अधिक ओवरलोड पाए गए।
- कई चालकों के पास वैध लाइसेंस, अनुमति पत्र और ऑथोराइजेशन सर्टिफिकेट नहीं थे।
- ट्रकों पर अतिरिक्त लाइटें (Extra Lights) लगी मिलीं, जो सुरक्षा मानकों का उल्लंघन है।
DTO ने साफ कहा— “खनन परिवहन में गड़बड़ी, ओवरलोडिंग और अवैध यात्री परिचालन किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं होगा।”
दोपहिया वाहनों पर भी कड़ी कार्रवाई
जाँच टीम ने सड़क पर चल रहे दोपहिया वाहनों की भी जांच की—
- बिना हेलमेट एवं ट्रिपल राइडिंग पर चालान
- अमान्य ड्राइविंग लाइसेंस, PUC, इंश्योरेंस और RC न होने पर कार्रवाई
- रॉन्ग साइड ड्राइविंग पर दंड और मौके पर जागरूकता
घाघरा–देवाकी रोड के पेट्रोल पंप की भी जांच
अभियान के दौरान टीम ने एक पेट्रोल पंप की आकस्मिक जांच की—
- वाहनों में मुफ्त हवा,
- शौचालय की स्वच्छता,
- अग्निशामक यंत्र की उपलब्धता जैसे पॉइंट्स की पड़ताल की।
- कई पंपों पर पॉल्यूशन सेंटर (PUC Centre) न होने पर निर्देश जारी किए गए।
DTO का संदेश: “राजस्व नहीं, जीवन रक्षा प्राथमिकता”
अधीकारियों ने पकड़े गए चालकों को समझाया कि अभियान का उद्देश्य केवल जुर्माना वसूली नहीं, बल्कि—
- सड़क सुरक्षा,
- दुर्घटना रोकथाम,
- और सुरक्षित परिवहन व्यवस्था स्थापित करना है।
DTO ने स्पष्ट चेतावनी दी—
“जांच अभियान जिलेभर में बिना किसी पूर्व सूचना के जारी रहेगा। नियम तोड़ने वाले वाहन मालिकों और चालकों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी।”