लातेहार। सदर प्रखंड अंतर्गत नवागढ़ पंचायत में मंगलवार को अंतरराष्ट्रीय महिला हिंसा उन्मूलन दिवस के अवसर पर सूचना एवं जनसंपर्क विभाग की ओर से जागरूकता संगोष्ठी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में नवागढ़ सखी मंडल की दीदियों, संकुल जेंडर रिसोर्स सेंटर के प्रतिनिधियों, सक्षम सेंटर के कर्मियों और जनसंपर्क विभाग के पदाधिकारियों ने हिस्सा लिया।
संगोष्ठी को संबोधित करते हुए जिला जनसंपर्क पदाधिकारी डॉ. चंदन ने कहा कि 25 नवंबर विश्व स्तर पर महिलाओं के विरुद्ध हिंसा उन्मूलन दिवस के रूप में मनाया जाता है। यह दिन हमें याद दिलाता है कि महिलाओं और लड़कियों के खिलाफ हो रही शारीरिक, मानसिक और मौखिक हिंसा को समाप्त करना हमारी सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि भारतीय संविधान में सभी को समानता का अधिकार दिया गया है, लेकिन इन अधिकारों का वास्तविक लाभ तभी मिलेगा जब इसे समाज के हर स्तर पर लागू किया जाएगा।
डॉ. चंदन ने जोर देकर कहा कि समता और स्वतंत्रता केवल कानूनी दस्तावेजों तक सीमित न रहकर परिवार और समाज के व्यवहार में दिखनी चाहिए। उन्होंने कहा कि यदि परिवारिक स्तर पर होने वाले भेदभाव—जैसे लड़का-लड़की में फर्क, शिक्षा और अवसरों में असमानता—को खत्म किया जाए, तभी एक समतामूलक और विकसित समाज का निर्माण संभव है। समाज नामक गाड़ी तभी सुचारू रूप से चल सकती है, जब महिलाओं को पुरुषों के समान दूसरा मजबूत स्तंभ माना जाए और उनकी गरिमा को पूरा सम्मान मिले।
कार्यक्रम के दौरान उपस्थित महिला समूहों को हिंसा उन्मूलन की शपथ दिलाई गई कि वे न तो हिंसा करेंगी और न ही किसी प्रकार की हिंसा को सहन करेंगी। साथ ही, यदि कोई महिला किसी प्रकार की प्रताड़ना का शिकार होती है तो उसकी सहायता के लिए आगे आने और कानूनी सहायता उपलब्ध कराने की अपील की गई।
इस मौके पर डीपीएम जेएसएलपीएस संतोष कुमार, जनसंपर्क विभाग से सूर्यतनय सिंह, मुर्शीद अंसारी सहित बड़ी संख्या में महिलाएं और स्थानीय ग्रामीण उपस्थित रहे। कार्यक्रम के अंत में जनसंपर्क विभाग की टीम ने महिलाओं को उपलब्ध सरकारी योजनाओं एवं शिकायत निवारण व्यवस्थाओं की भी जानकारी दी।