बसंत कुमार गुप्ता व्यूरो प्रमुख गुमला।
गुमला :- गुमला पुलिस कप्तान हरविंदर सिंह ने अपने कार्यालय परिसर में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित कर बताया कि पुअनि कुमार को एक गुप्त सूचना मिली कि चैनपुर बस स्टैंड के समक्ष यात्री सेट के पीछे तीन लड़के संदिग्ध अवस्था में बैठकर कुछ योजना बनाकर कोई बड़ी घटना को अंजाम देने की तैयारी में है , उक्त सूचना मिलते ही उक्त सूचना की सत्यापन के लिये पुअनि आलोक कुमार , हवलदार अशोक शाह , आरक्षी सुचित कुमार , आरक्षी निर्मल तिग्गा और आरक्षी रामचंद्र नायक , के साथ संध्या 6 ,45 बजे चैनपुर बस स्टैंड के यात्री सेड के पास जैसे पहुंचे वैसे ही पुलिस दल को देखकर तीनों व्यक्ति भागने लगे , जिसे खदेड़कर दो को पकड़ लिया गया जबकि एक अंधेरे का फायदा उठाकर भागने में सफल रहा , पकड़े गये दोनों व्यक्तियों से नाम पता पूछने पर एक ने बताया कि मैं रायडीह थाना स्थित केमते करंज टोली निवासी 22 वर्षीय विकास केरकेट्टा ( पिता – एरियस केरकेट्टा ) हैं तथा दुसरे ने बताया की कुरूमगढ़ थाना स्थित मनातु ग्राम निवासी 23 वर्षीय दामोदर खाखा (पिता – हीरालाल खाखा ) हैं भागने वाले साथी के संबंध में बताया की वह घाघरा का रहने वाला 22 वर्षीय अमित नाम का व्यक्ति हैं , तलाशी के दौरान विकास केरकेट्टा के पास से एक देसी कट्टा और दो गोली जिंदा तथा दामोदर खाखा के पास से जो जिंदा गोली और और एक स्मार्टफोन बराबर किया गया , उक्त दोनों गिरफ्तार व्यक्तियों ने अपना अपराध स्वीकार करते हुए बताया कि हम तीनों व्यक्ति मिलकर चैनपुर डुमरी थाना क्षेत्रों में हो रहे विकास कार्य में लगे ठेकेदारों से पैसा वसूलने का योजना बना रहे थे, उक्त क्षेत्र में रंगदारी वसूलने का आइडिया हम लोगों को चैनपुर थाना स्थित मड़ई कोना निवासी चालेस मिंज से मिला था , जो वर्तमान में गुमला जेल में बंद है हम तीनों योजना बनाकर बैठे थे इसी क्रम में चैनपुर थाना पुलिस वहां पहुंची और हमें पकड़ लिया , बाद में उक्त दोनों व्यक्तियों को मीडिया और न्यायालय में प्रस्तुत कर गुमला जेल भेज दिया गया हैं।