गोमिया (बोकारो)।
झारखंड में जंगली हाथियों के बढ़ते उत्पात और इससे हो रही जनहानि पर पूर्व मंत्री माधव लाल सिंह ने गहरी चिंता व्यक्त की है। उन्होंने मुख्यमंत्री को संबोधित करते हुए कहा कि हाथी हमले में मृतकों के परिजनों को दी जा रही वर्तमान मुआवजा राशि अब अपर्याप्त साबित हो रही है।
माधव लाल सिंह ने कहा कि अपने विधायक कार्यकाल के दौरान विधानसभा में उठाए गए प्रश्न के बाद हाथी हमले में मृत्यु होने की स्थिति में चार लाख रुपये मुआवजा निर्धारित किया गया था। हालांकि, बढ़ती महंगाई और वर्तमान परिस्थितियों को देखते हुए अब इस राशि में वृद्धि किया जाना आवश्यक है। उन्होंने मांग की कि मुआवजा राशि को चार लाख रुपये से बढ़ाकर आठ लाख रुपये किया जाए।
इसके साथ ही उन्होंने मृतक के एक आश्रित को सरकारी नौकरी देने की भी मांग की, ताकि पीड़ित परिवार को आर्थिक संबल मिल सके और उनका जीवन पुनः पटरी पर लौट सके।
पूर्व मंत्री ने कहा कि ग्रामीण और वनवासी क्षेत्रों में हाथी–मानव संघर्ष की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं। इसे रोकने के लिए सरकार को दीर्घकालिक एवं प्रभावी रणनीति तैयार करनी चाहिए, जिससे निर्दोष लोगों की जान बचाई जा सके और हाथी प्रभावित क्षेत्रों में स्थायी समाधान सुनिश्चित हो।