पाकुड़। जिले में आगामी 03 फरवरी से प्रारंभ होने वाली मैट्रिक एवं इंटरमीडिएट परीक्षा की तैयारियों को लेकर शुक्रवार को समाहरणालय सभागार में उपायुक्त श्री मनीष कुमार एवं पुलिस अधीक्षक श्रीमती निधि द्विवेदी की संयुक्त अध्यक्षता में उच्च स्तरीय बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिला शिक्षा पदाधिकारी, सभी परीक्षा केंद्रों के केंद्राधीक्षक, स्टैटिक मजिस्ट्रेट एवं अन्य संबंधित पदाधिकारी उपस्थित रहे।
बैठक के दौरान जिला शिक्षा पदाधिकारी अनीता पुरती ने जानकारी दी कि जिले में मैट्रिक परीक्षा में कुल 7,989 परीक्षार्थी शामिल होंगे, जबकि इंटर परीक्षा में 4,502 परीक्षार्थी भाग लेंगे। मैट्रिक परीक्षा के लिए जिले में 21 परीक्षा केंद्र तथा इंटर परीक्षा के लिए 08 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। प्रश्न पत्र एवं उत्तर पुस्तिकाओं के सुरक्षित भंडारण हेतु संबंधित प्रखंडों के राष्ट्रकृत बैंक एवं कोषागार को चिन्हित किया गया है।
उपायुक्त मनीष कुमार ने परीक्षा संचालन को लेकर कड़े निर्देश देते हुए कहा कि प्रश्न पत्रों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने निर्देश दिया कि प्रश्न पत्र एवं उत्तर पुस्तिकाएं सीसीटीवी निगरानी में सुरक्षित रखी जाएं। साथ ही सभी परीक्षा केंद्रों पर बिजली, पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था, शौचालय, पेयजल सहित अन्य आवश्यक मूलभूत सुविधाएं सुनिश्चित की जाएं, ताकि परीक्षार्थियों को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो।
उपायुक्त ने बताया कि परीक्षा का संचालन पूरी तरह सीसीटीवी निगरानी में किया जाएगा। प्रश्न पत्र ले जाने वाले दंडाधिकारी एवं पुलिस बल अपने-अपने प्रखंडों के स्ट्रांग रूम से समय पर प्रश्न पत्र एवं उत्तर पुस्तिकाएं प्राप्त कर परीक्षा प्रारंभ होने से एक घंटे पूर्व संबंधित परीक्षा केंद्रों तक पहुंचाना सुनिश्चित करेंगे। परीक्षा समाप्ति के पश्चात उत्तर पुस्तिकाओं को सुरक्षित रूप से संबंधित कोषागार में जमा कराया जाएगा। उन्होंने सभी केंद्राधीक्षकों को झारखंड अधिविद्य परिषद (जैक) द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का गहन अध्ययन कर उसके अनुरूप परीक्षा संचालन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। साथ ही प्रत्येक परीक्षा केंद्र पर फर्स्ट एड की व्यवस्था तथा परीक्षा दिवस पर एम्बुलेंस की उपलब्धता सुनिश्चित करने को कहा।
वहीं पुलिस अधीक्षक श्रीमती निधि द्विवेदी ने सभी केंद्राधीक्षकों को अपने-अपने परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण कर आवश्यक कमियों को तत्काल दूर करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों का भविष्य इस परीक्षा से जुड़ा है, इसलिए शांतिपूर्ण, पारदर्शी एवं कदाचारमुक्त वातावरण में परीक्षा संपन्न कराना सभी संबंधित पदाधिकारियों की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है।
बैठक में अनुमंडल पदाधिकारी साईमन मरांडी, मुख्यालय डीएसपी जितेन्द्र कुमार, जिला शिक्षा पदाधिकारी अनीता पुरती, जिला स्तरीय पदाधिकारी सह पेट्रोलिंग/स्टैटिक मजिस्ट्रेट, केंद्राधीक्षक समेत अन्य अधिकारी उपस्थित थे।