पाकुड़,शनिवार। मनीष कुमार, उपायुक्त की अध्यक्षता में मनरेगा एवं आवास योजनाओं की प्रगति की जिला स्तरीय समीक्षा बैठक रविन्द्र भवन टाउन हॉल में आयोजित की गई। बैठक में डीआरडीए निदेशक, विभिन्न प्रखंडों के बीडीओ, डीपीएम जेएसएलपीएस, परियोजना पदाधिकारी, जिला समन्वयक (आवास), बीपीओ, एई, जेई, पंचायत सेवक एवं रोजगार सेवक सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
योजनाओं की प्रखंड व पंचायतवार समीक्षा
उपायुक्त ने मनरेगा कार्यों की प्रखंड एवं पंचायतवार प्रगति, लंबित योजनाओं तथा क्रियान्वयन की स्थिति की विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने कहा कि जिले की प्रगति अपेक्षित स्तर से पीछे है, जिसे मिशन मोड में सुधारना आवश्यक है। अधिकारियों से कार्यों में आ रही बाधाओं की जानकारी लेकर उन्हें शीघ्र दूर करने का निर्देश दिया गया।
बैठक में जॉब कार्ड, बिरसा हरित ग्राम योजना, पीडी जनरेशन, लेबर एंगेजमेंट एवं पुरानी योजनाओं की पूर्णता की स्थिति की भी समीक्षा की गई। उपायुक्त ने लंबित कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र पूर्ण करने तथा समयसीमा के भीतर लक्ष्य हासिल करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि दायित्वों के समयबद्ध निष्पादन में शिथिलता पर संबंधित पदाधिकारियों की जवाबदेही तय की जाएगी।
सभी प्रखंडों एवं पंचायतों में नियमित मॉनिटरिंग, फील्ड निरीक्षण तथा प्रगति की अद्यतन जानकारी एवं फोटोग्राफ समय पर उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया। जिन क्षेत्रों की प्रगति असंतोषजनक है, वहां विशेष अभियान चलाकर लंबित कार्यों को शीघ्र पूरा करने पर बल दिया गया। उपायुक्त ने 28 तारीख तक जिले को प्रमुख सूचकों में शीर्ष तीन स्थानों में लाने तथा 15 मार्च तक सभी मानकों पर प्रथम स्थान प्राप्त करने के लिए विशेष कार्ययोजना बनाकर कार्य करने का निर्देश दिया।
बागवानी सखियों को एप का प्रशिक्षण
बैठक के दौरान बागवानी सखियों को बागवानी सखी एप के माध्यम से बेहतर निगरानी एवं मॉनिटरिंग के लिए प्रशिक्षण दिया गया। उपायुक्त ने एप की गहन जानकारी देते हुए कार्यों की गुणवत्ता एवं पारदर्शिता सुनिश्चित करने पर जोर दिया।
उन्होंने पंचायत स्तर पर पेयजल, शौचालय, प्रकाश व्यवस्था एवं स्वच्छता जैसी आधारभूत सुविधाओं को सुदृढ़ करने तथा फील्ड स्तर पर नियमित निरीक्षण कर कमियों को तत्काल दूर करने के निर्देश दिए। योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं करने की चेतावनी दी गई।
आवास योजनाओं की प्रगति की समीक्षा
उपायुक्त ने अबुआ आवास योजना, पीएम जनमन आवास तथा प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण की प्रगति की भी समीक्षा की। वित्तीय वर्ष 2023-24 एवं 2024-25 के लंबित आवासों की स्थिति का विस्तृत आकलन किया गया।
उन्होंने निर्देश दिया कि सभी लंबित आवासों को प्राथमिकता के आधार पर निर्धारित समयसीमा में पूर्ण किया जाए। आवास योजनाओं को ग्रामीण गरीबों को सुरक्षित एवं सम्मानजनक आवास उपलब्ध कराने की महत्वपूर्ण पहल बताते हुए उपायुक्त ने नियमित मॉनिटरिंग, फील्ड निरीक्षण एवं लाभुकों से समन्वय स्थापित कर कार्यों में तेजी लाने पर जोर दिया। साथ ही निर्माण कार्य की गुणवत्ता सुनिश्चित करने एवं भुगतान प्रक्रिया समय पर पूर्ण करने के निर्देश भी दिए।